प्रत्येक व्यवसाय में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं लेकिन होटल व्यवसाय एक ऐसा व्यवसाय है जो पिछले कई दशकों से प्रगति व विकास के नए सोपानों को छू रहा है। समूचे विश्ïव में तेजी से पनपती पंचसितारा होटल संस्कृति ने इस क्षेत्र में कैरियर की अनंत संभावनाओं को जन्म दिया है। होटल प्रबंधन के लिए बाकायदा प्रशिक्षित युवक-युवतियों की एक बड़ी मांग इस क्षेत्र में है। होटल प्रबंधन में विधिवत प्रशिक्षण के बाद आप भी अपने भविष्य को पंख लगा सकते हैं।
आज के भैतिकतावादी युग में संपन्न समुदाय प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से कहीं-न-कहीं होटलों से जुड़ा है। एक अच्छे मुनाफे व रुतबेदार व्यवास की विशेषता के चलते होटलों की संख्या में दिनो-दिन बढ़ात्तरी होती जा रही है। तकनीकी सभ्यता के विकास ने सभी चीजों को वर्गीकृत कर दिया है। ऐसे में दक्ष व योग्य लोगों की मांग व खपत में तेजी आना स्वाभाविक ही है। होटल वर्तमान संस्कृति का एक अंग बन गया है। किसी प्रकार की पार्टी का आयोजन हो या कंपनी संबंधी सिटिंग, उपभोक्ताओं का सेमिनार हो या नए उत्पाद की लांचिंग या फिर प्रेस कांफ्रेंस का ही मौका हो- इन सभी अवसरों पर होटल के महत्व को नकारा नहीं जा सकता। औद्योगिक विकास की स्वर्णिम यात्रा तथा व्यवस्थित प्रयासों के फलस्वरूप पर्यटन के क्षेत्र में बढ़ोत्तरी हुई है। पर्यटन उद्योग के विकसित होने से होटलों व रेस्तरांओं के क्षेत्र में नई का्रंति आ गई है।
शिक्षित व योग्य युवाओं की रुचि तेजी से होटलों से संबंधित पाठ्ïयक्रमों के प्रति बढ़ी है। अंग्रेजी व अन्य संपर्क भाषाओं की जानकारी रखनेवाले युवक-युवती, जो अपने व्यक्तित्व को आकर्षक व प्रभावी बनाने के लिए उतावले हैं, के लिए यह क्षेत्र भारी संभावनाओं से भरा पड़ा है। विचारों को आदान-प्रदान करने की क्षमता, दूसरों को प्रभावित करने के गुण, शिष्टïाचार व स्वागत की भावना आपको इस कार्यक्षेत्र में कभी पीछे मुड़कर देखने का मौका नहीं देगी। होटल व्यवसाय मूलत: अतिथि सत्कार व सेवा भावना से ओत-प्रोत है।
मेहनती, खुशमिजाज, मिलनसार, स्वस्थ, सुंदर तथा महत्तवाकांक्षी युवक-युवतियों के लिए होटल प्रबंधन एक श्रेष्ठï कैरियर है। वन स्टार से लेकर फाइव स्टार होटलों तथा टूरिस्ट होटलों में ऐसे युवक बेहतर प्रशिक्षण के उपरांत अपना भविष्य संवार सकते हैं। यही नहीं दक्ष व प्रशिक्षित युवाओं के लिए फ्लोटिंग होटल, शिपिंग कंपनी, एयरपोर्ट होटल आदि में स्वागतकक्ष प्रमुख, आंतरिक सज्जाकार, फूड प्रॉडक्शन, हाउसकीपिंग, फ्रंट ऑफिस ऑपेरेशन, न्यूट्रीशियन, एकाउन्टेंट, गाइड, वेटर आदि के पदों पर नियुक्ति के अवसर प्रतीक्षा करते रहते हैं। इस क्षेत्र में आपके लिए मेलजोल प्रगाढ़ करने के समुचित अवसर हैं। विेशष लोगों से संपर्क क्षेत्र का दायरा विस्तृत होता है। सर्वाधिक महत्वपूर्ण बात यह है कि विविध क्षेत्रों के सिद्धतम व सफलतम लेागों से मिलने के बाद महत्वकांक्षी युवक-युवतियां काफी कुछ सीखते-समझते हैं, जो आगे चलकर उनके व्यक्तित्व को निखारता है। यही नहीं प्रबंधकों, लेखाधिकारियों, जनसंपर्क विेशेषज्ञों, टेलिफोन, संचालकों, परिवहन व सुरक्षा सेवाकर्मियों के रूप में इस उद्योग से जुड़े लोग काफी नाम व धन अर्जित कर रहे हैं।
होटल व्यवसाय की चर्चा वहां बननेवाले लजीज व्यंजनों के जिक्र के बिना अधूरी है। कन्फेक्षनरी तथा खान-पान विभाग होटल जगत का सर्वाधिक महत्वपूर्ण अंग है। इस विभाग में सामान्य योग्यता तथा अनुीावहीन लेागों को कोई नहीं पूछता। प्रतिष्ठिïत होटलों में फूडक्राफ्ट इंस्टीट्ïयूटों से प्रशिक्षित युवाओं को नियुक्त किया जाता है। देश में अनेक ऐसे संस्थान हैं जो इससे संबंधित प्रशिक्षण पाठ्ïयक्रम संचालित कर रहे हैं। इस उद्योग में 'शेफ-दी पार्टीÓ पदों के लिए भी योग्य, अनुीावी व अधेड़ लोगों का चयन किया जाता है। जिन लोगों के पास होटल प्रबंधन में तीन वर्षीय डिप्लोमा अथवा मैट्रिक के साथ संबंधित ट्रेड में शिल्प पाठ्ïयक्रम, एन.सी.टी.वी.टी. प्रमाण-पत्र तथा कम-से कम पांच साला अनुभव होता है, उनके मामलों में नियुक्ति के लिए वरीयता दी जाती है।
भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय की देखरेख में 'नेशनल काउंसिल ऑफ होटल मैनेजमेंट एंड टेक्रालॉजीÓ देशभर में फैले अपने 20 सस्थानों की मदद से त्रिवर्षीय होटल प्रबंधन में डिप्लोमा पाठ्ïयक्रम चला रही है। इसमें डिप्लोमा प्राप्त करने के लिए एक संयुक्त प्रवेश परीक्षा को उत्तीर्ण करना जरूरी होता है। प्रत्येक वर्ष फरवरी माह में यह परीक्षा आयोजित की जाती है। 22 वर्ष से कम से कम उम्र के 10+2 विज्ञान विषयों के साथ उत्तीर्ण कर चुके युवक-युवतियां इस परीक्षा में बैठने की पात्रता रखते हैं। ढाई घंटे अवधि की इस परीक्षा में वस्तुनिष्ठï (ह्रड्ढद्भद्गष्ह्लद्ब1द्ग ह्ल4श्चद्ग) प्रश्ïनों के जवाब देने होते हैं। प्रश्ïन पत्र में 80 अंकों के प्रश्ïन रीजनिंग, विजुअल, रिफ्लेक्ïशन तथा सीच्ेनशियल वर्ड ऑर्डर से संबंधित होते हैं।
न्यूमेरिकल एबिलिटी तथा एनालिटिकल रीजनिंग से 80 अंकों के प्रश्ïनों को पूछा जाता है। शेष 20 अंकों के लिए पूछे गए प्रश्ïन वर्बल कप्रीहेन्शन तथा ग्रामैटिकल एप्लीकेशन से संबद्ध होते हैं। लिखित परीक्षा उत्तीर्ण करनेवाले युवक-युवतियों को इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है। बाद में मैरिट के आधार पर उनका चयन कर लिया जाता है।
चयनित युवक-युवतियों को तीन वर्ष की अवधि में कुल 36 विषय पढ़ाए जाते हैं। व्यावहारिक प्रशिक्षण के लिए अलग से कक्षाएं ली जाती हैं। होटल प्रबंधन के क्षेत्र में डिप्लोमा प्राप्त करने के पश्चात्ï संस्थान डिप्लोमा धारकों को विभिन्न होटलों में व्यावसायिक प्रशिक्षण के लिए भेजता है, जहां प्रशिक्षण अवधि के दौरान प्रशिक्षुओं को डेढ़ हजार रुपए से तीन हजार रुपए तक मानदेश्य दिया जाता हैं
संस्थान में विभिन्न कोर्स उपलब्ध होते हैं, जिनमें उिप्लोमा इन होटल मैनेजमेंट एंड कैटरिंग टेक्रोलॉजी (तीन वर्ष), पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन एकमोडेशन ऑपरेशन मैनेजमेंट (हउस कीपिंग+फ्रंट ऑफिस) डेढ़ वर्ष, पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा कोर्स इन डाइटेटिक्स एंड हॉस्पिटल फूड सर्विस (एक वर्ष), सर्टिफिकेट कोर्स इन होटलों कैटरिंग मैनेजमेंट (21 सप्ताह, वर्ष में दो बैच), का्रफ्टमैनशिप कार्स इन फूड एंड बीवरेज सर्विस (6 माह, वर्ष में दो बैच) आदि प्रमुख हैं। यही नहीं महिलाओं के लिए कुकरी, बेकरी व कन्फेक्षनरी के 13 सप्ताहों के (सप्ताह में दो बार कक्षाएं) कोर्स भी कराए जाते हैं।
इसके अलावा ग्रेजुएट स्कूल ऑफ होटल एडमिनिस्ट्रेशन, वैली व्यू होटल (वेलकम ग्रुप) मणिपाल, जो मंगलोर विश्ïवविद्यालय से संबद्ध है, भी राष्टï्रीय स्तर पर लिखित एवं मौखिक परीक्षा नामांकन हेतु चयन करता है। यह संस्थान भी होटल प्रबंधन के समस्त बिंदुओं की विधिवत जानकारी प्रबल करता है। इस संस्थान ने एक प्लेसमेंट सेल भी खोली हुई है, जहां से देश-विदेश में नौकरी मिल सकती है। यह संस्था उच्च प्रशिक्षण हेतु अमरीका समेत अन्य देशों में अपने प्रशिक्षार्थियों को भेजती है।
एक अन्य संस्थान ओबेराय स्कूल ऑफ होटल मैनेजमेंट भी होटल प्रबंधन के मामले में प्रतिष्ठिïत संस्थान माना जाता है। यह संस्थान इंटरनेशनल होटल एसोसिएशन इन पेरिस से मान्यता प्राप्त है। अधिकांश भारतीय होटलों के शीर्षस्थ प्रबंधक इसी संस्थान के स्नातक रहे हैं। इस संस्थान में चयन का आधार लिखित परीक्षा, समूह चर्चा तथा साक्षात्कार है। त्रिवर्षीय डिप्लोमा केरने के बाद प्रशिक्षित युवा सहायक प्रबंधक के रूप में नौकरी पा जाते हैं। बाद में क्रमश: पदोन्नति के जरिए शीर्ष तक पहुँचा जा सकता है। यहां से त्रिवर्षीय डिप्लोमा के उपरांत पी.जी. डिप्लोमा भी किया जा सकता है।
होटल व्यवसाय में युवतियों के लिए भी तरक्की के काफी अवसर हैं। होस्टेस पदों के लिए सामान्यत: 22 से 26 आयु वर्ग की युवतियों को चुना जाता है। धाराप्रवाह अंग्रेजी बोलने की क्षमता, संबंधित क्षेत्र का अनुभव, विदेशी भाषा का ज्ञान तथा लोगों को डील करने का ढंग इस सबके लिए अनिवार्य योग्यता मानी जाती है।
कुल मिलाकर होटल प्रबंधन व इससे जुड़े क्षेत्र में युवाओं के लिए करने को बहुत कुछ है। उनकी प्रतिभा व योग्यता उनके सभी सपने साकार कर सकती है।
प्रशिक्षण संस्थान
नेशनल काउंसिल फॉर होटल मैनेजमेंट होटल एंड कैटरिंग टेक्रोलॉजी, लाइब्रेरी ण्वेन्यू-पूसा कॉम्पलैक्स, नई दिल्ली-110012
आबेराय स्कूल ऑफ होटल मैनेजमेंट, शामनाथ मार्ग, दिल्ली-110054
ग्रेजुएट स्कूल ऑफ होटल एडमिनिस्ट्रेशन, वैली व्यू होटल, मणिपाल (केरल)
होटल प्रबंध, खान-पान प्रोद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, 1100 चर्टर्स, अकादमी प्रशासन के निकट, भोपाल-462016 (म.प्र.)
इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, पी-16, तारातोला रोड, कलकत्ता
डॉक्टर आम्बेडकर होटल प्रबंध, खान-पान प्रौद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, सेक्टर-42-डी, चंडीगढ़-160036
इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट कैटरिंग टेक्ïनालॉजी एंड एप्लाइड न्यूट्रीशन, बनी पार्क, सीकर रोड, जयपुर-302006 (राजस्थान)
होटल प्रबंध, खान-पान प्रोद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, सीड फार्म, सेक्टर-जी-अलीग्रज, लखनऊ-226020 (उ.प्र.)
इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट कैटरिंग एंड न्यूट्रीशन, राजकीय सराय बिल्डिंग, सेक्टर-32-ए, चंडीगढ़
होटल प्रबंध, खान-पान प्रोद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, खेडापति कॉलोनी, शिरडी साईं बाबा मंदिर के सामने, ग्वालियर-474002
होटल प्रबंध, खान-पान प्रोद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, राजकीय पॉलिटेक्रिक कंपाउंड, अम्बावाड़ी, अहमदाबाद-380015
होटल प्रबंध, खान-पान प्रोद्योगिकी एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, 31 औद्योगिक एस्टेट, पटना-800015 (बिहार)
इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, कैटरिंग टेक्रोलॉजी एंड एप्लाइड न्यूट्रीशन, एस.जे. पॉलिटेक्ïनक कैंपस, बेंगलूर-560001
इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, कैटरिंग टेक्रोलॉजी एंड एप्लाइड न्यूट्रीशन, सी.आई.डी. कैम्सय, थारामणी (चेन्नई) 600113
होटल साईं नगर, भवनेश्ïवर-751004
राजीव गांधी होटल प्रबंध, खान-पान एवं अनुपयुक्त आहार संस्थान, गुरुनानक देव कॉलेज, हर्दोचन्नी रोड, गुरदासपुर (पंजाब)
रिजवी कॉलेज ऑफ होटल मैनेजमेंट, मुंबई
आई.आई.टी.सी. इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, मुंबई
रेडियो भवन, इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, मुबई
ब्रिटिश इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल मैनेजमेंट, मुबई
इसके अतिरिक्त स्थानीय प्रशासन के वोकेशनल कॉलेजों तथा निजी क्षेत्र के संस्थानों में भी होटल मैनेजमेंट के डिप्लोमा कोर्स कराए जाते हैं। दिल्ली प्रशासन का पॅुड एंड न्यूट्रीशयन कॉलेज, कश्ïमीरी गेट दिल्ली में स्थित है। मुंबई के इंस्टीट्ïयूट ऑफ होटल कार्गो एंड टूरिज्म मैनेजमेंट कोलाबा, मुंबई में भी एक वर्ष तथा दो से लेकर चार माह के शॅर्ट टर्म कार्स कराए जाते हैं।